भविष्य को जानने का प्रयास करने के स्थान पर उसे स्वीकारिए…
- Nirmal Bhatnagar

- 9 hours ago
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Apr 14, 2026
फिर भी ज़िंदगी हसीन है…

दोस्तों, यकीन मानियेगा हममें से ज्यादातर लोग वर्तमान में कम, भविष्य में ज्यादा जीते हैं और इसी लिए ज़्यादा तनावग्रस्त रहते हैं। याने हम भविष्य की चिंता करते हुए सोचते हैं कि आने वाले समय में सब ठीक होगा या नहीं या कहीं कुछ गलत हो गया तो? आदि। यही सोच हमसे हमारा आज छीन लेती है। जीवन के विषय में सच तो सिर्फ़ इतना ही है कि भविष्य हमेशा अनजान होता है। उसे ना तो पूरी तरह समझा जा सकता है और ना ही नियंत्रित किया जा सकता है। फिर इसे लेकर इतना चिंतित क्यों रहा जाये? वैसे भी हमारे द्वारा की गई चिंता कुछ बदलती नहीं है। यह तो बस हमारे मन की शांति को छीन लेती है।
दोस्तों, वाक़ई जीवन को खुलकर जीना चाहते हैं तो इस नियम को अपनी जीवनशैली का हिस्सा बना लीजिए, “जीवन में जो आना है, वह तो आएगा ही, फिर चाहे वह सुख हो या दुख। हमारी शांति तो सिर्फ़ इस बात पर निर्भर करती है कि हम उसे किस तरह स्वीकारते हैं।”
दोस्तों, अगर हम हर अनजानी चीज़ से डरेंगे, तो कभी इस जीवन को पूरी तरह नहीं जी पाएंगे। इसलिए चिंता छोड़कर, अपने ईश्वर, जीवन, और सबसे ज्यादा खुद पर विश्वास करना सीखिए। यहाँ विश्वास का अर्थ यह नहीं है कि सब कुछ हमेशा हमारे अनुसार होगा, बल्कि विश्वास का अर्थ यह है कि जो भी होगा, वह हमारे विकास के लिए होगा। याद रखियेगा, जीवन हमें कभी-कभी ऐसे रास्तों पर ले जाता है, जहाँ हम जाना नहीं चाहते। लेकिन अक्सर यही रास्ते हमें वह सिखा जाते हैं, जो हम कहीं और नहीं सीख सकते। इसलिए ही तो कहते हैं, “हर अनुभव, फिर चाहे वो अच्छा हो या कठिन, हमारे भीतर कुछ नया गढ़ता है।” जब आप यह समझ जाते हैं कि जीवन आपके खिलाफ नहीं, बल्कि आपके लिए काम कर रहा है, तब आपका डर धीरे-धीरे खत्म होने लगता है। तब आप भविष्य से घबराने के बजाय, उसे अपनाने लगते हैं और जब आप जीवन को अपनाने लगते हैं, तब वर्तमान भी तनाव रहित और सुंदर हो जाता है।
दोस्तों, हमेशा याद रखें, हमारी सोच ही हमारी सबसे बड़ी ताकत है। अगर हम सच में समझ लें कि हमारे विचार कितने शक्तिशाली हैं, तो हम कभी भी नकारात्मक सोचने का चुनाव नहीं करेंगे क्योंकि हर नकारात्मक विचार हमारे भीतर डर, संदेह और कमजोरी पैदा करता है। वहीं हर सकारात्मक विचार हमें ऊर्जा, विश्वास और साहस देता है। इसलिए अपने मन के विचारों पर ध्यान दीजिए। जो सोच आप चुनते हैं, वही आपका अनुभव बन जाता है।
दोस्तों, जीवन को आसान बनाने के लिए बहुत कुछ नहीं, बस अपनी सोच को थोड़ा बदलना होता है। इसलिए आज से एक छोटा सा अभ्यास शुरू करें, जब भी भविष्य को लेकर मन में चिंता आए, तो खुद से कहें, “जो होगा, अच्छा ही होगा क्योंकि जीवन में जो कुछ भी घटता है, वह मुझे आगे बढ़ाने के लिए घटता है।” धीरे-धीरे यह विश्वास आपकी आदत बन जाएगा और फिर आप पाएंगे कि जिस भविष्य से आप डरते थे, वही आपका सबसे बड़ा शिक्षक बन गया।
अंत में बस इतना ही याद दिलाऊँगा कि भविष्य को जानना नहीं, उसे विश्वास के साथ स्वीकार करना जरूरी है क्योंकि जब आप जीवन पर भरोसा करते हैं, तो जीवन भी आपको सम्भालना सीख जाता है।
-निर्मल भटनागर
एजुकेशनल कंसलटेंट एवं मोटिवेशनल स्पीकर




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